"India-Cyprus Deal: साइप्रस से दोस्ती कर भारत ने कैसे उड़ा दी तुर्की और पाकिस्तान की नींद
साइप्रस के राष्ट्रपति भारत आए, लेकिन नींद तुर्की और पाकिस्तान की क्यों उड़ गई?
हाल ही में दुनिया में प्रतिस्पर्धा और तनाव का माहौल बढ़ता जा रहा है। कहीं युद्ध चल रहे हैं तो कहीं देशों के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है। भारत भी इन सभी घटनाओं पर लगातार नज़र रख रहा है, क्योंकि पाकिस्तान और चीन उसकी सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण चुनौतियाँ माने जाते हैं।
हाल के दिनों में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री चीन के दौरे पर गए थे, जहाँ उन्होंने कश्मीर का मुद्दा उठाया। भारत ने उनके इस प्रयास को सख्ती से खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि कश्मीर उसका आंतरिक मामला है और किसी भी बाहरी हस्तक्षेप को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
चीन और पाकिस्तान के अलावा तुर्की भी अक्सर पाकिस्तान का समर्थन करता रहा है तथा विभिन्न अंतरराष्ट्रीय मंचों पर कश्मीर का मुद्दा उठाता आया है। ऐसे में भारत को भी ऐसे सहयोगियों की आवश्यकता महसूस होती है जो अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उसके हितों का समर्थन कर सकें और उसके पक्ष को मजबूती से रख सकें.
इसी संदर्भ में साइप्रस एक महत्वपूर्ण साझेदार के रूप में उभरकर सामने आया है। साइप्रस ने कई अवसरों पर भारत के साथ अपने संबंधों को मजबूत करने की इच्छा जताई है और विभिन्न मुद्दों पर भारत का समर्थन भी किया है। यही कारण है कि दोनों देशों के बीच सहयोग लगातार बढ़ता दिखाई दे रहा है.














